महापौर अगस्त से नही पहुंचे नगर निगम कार्यालय, विकास कार्य ठप
महापौर अगस्त से नही पहुंचे नगर निगम कार्यालय, विकास कार्य ठप
-नगर निगम की बैठक में पार्षदों ने किया हंगामा, अटके 60 करोड़ के विकास कार्य
मथुरा । मथुरा वृंदावन नगर निगम की कार्यप्रणाली को लेकर सोमवार 3 नवंबर को आयोजित बैठक में जमकर हंगामा देखने को मिला, बोर्ड बैठक में महापौर विनोद अग्रवाल की लगातार अनुपस्थिति और विकास कार्यों के ठप होने को लेकर पार्षदों ने नाराजगी जताई, नगर निगम के महापौर विनोद अग्रवाल करीब तीन महीने से नगर निगम स्थित कार्यालय नहीं पहुंचे हैं ।
महापौर विनोद अग्रवाल की 14 अगस्त को तिरंगा यात्रा, 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस समारोह व भाजपा के संगठनात्मक कार्यक्रमों तक में गैरमौजूदगी चर्चा का विषय बनी है, पार्षदों राजीव कुमार सिंह, कुलदीप पाठक, राकेश भाटिया, मुन्ना मलिक का कहना है कि बोर्ड बैठक के लिए महापौर से संपर्क किया गया लेकिन महापौर की ओर से कोई जवाब नहीं आया, पार्षदों ने मांग की है कि नगरहित एवं जनहित के महत्वपूर्ण विषयों पर सदन में विचार-विमर्श और निर्णय लिया जाना अपेक्षित है अन्यथा जन आंदोलन किया जाएगा ।(61).jpg)
अवस्थापना निधि के तहत शहर के विभिन्न क्षेत्रों में होने वाले करीब 60 करोड़ रुपये के विकास कार्यों के प्रस्तावों पर महापौर सहित अन्य के हस्ताक्षर नहीं होने से पूरी प्रक्रिया अटकी पड़ी है, पार्षदों का कहना है कि बोर्ड बैठक और प्रस्तावों पर हस्ताक्षर के बिना विकास कार्यों को गति नहीं मिल रही, नगर आयुक्त ओजस्वी राज ने इस संबंध में शासन को पत्राचार किया है और नवंबर के पहले सप्ताह में बोर्ड बैठक की संभावना जताई है, बोर्ड बैठक की अधिसूचना जारी नही होने से नगर निगम के सफाई कर्मचारी भी आक्रोश में हैं, दीपावली से पहले न्यूनतम वेतन और बोनस की मांग को लेकर उन्होंने आंदोलन तेज करने और 26 अक्टूबर को भरतपुर गेट स्थित वाल्मीकि वाटिका में प्रेस वार्ता करने का ऐलान किया था, उपसभापति मुकेश सारस्वत ने भी माना कि बोर्ड बैठक होना जरूरी है ।(59).jpg)















