वृंदावन की साख को लगातार बट्टा लगा रहे हैं मिलावटखोर
वृंदावन की साख को लगातार बट्टा लगा रहे हैं मिलावटखोर
-खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने दो दिन में नष्ट कराया 18.5 क्विंटल पेडा
मथुरा । वृंदावन की साख को मिलावटखोर बट्टा लगाया रहे हैं, प्रशासन का मिलावटखोरों पर रत्ती भर खौफ नहीं रह गया है, विगत दो दिन में करीबन तीन लाख रुपये की कीमत का पेडा खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने पकडा गया है, पकडे गये खोआ को सैंपलिंग करने के बाद नष्ट करा दिया गया, एक ही रूट पर एक ही सोर्स से लगातार हो रही सप्लाई को रोकने में प्रशासन नाकाम साबित हो रहा है, शनिवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने वृंदावन में धौलपुर राजस्थान से तस्करी कर लाया गया 17 कुंतल दूषित पेड़ा जब्त किया है, प्लास्टिक के 43 बोरों में बेहद अस्वस्थकर और बदबूदार परिस्थितियों में छिपाकर लाए गए इस पेड़े की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख 58 हजार रुपए बताई जा रही है ।

रविवार को एक बार फिर अधोमानक खोआ पकडा गया, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ज्ञानपाल सिंह के नेतृत्व में रमणरेती चौकी प्रभारी वृंदावन के सहयोग से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के सचल दल अरुण कुमार एवं दलबीर सिंह द्वारा प्रवर्तन कार्यवाही के दौरान पुरूषोत्तम मास के महीने में वृन्दावन में खपाने के लिए विष्णु पुत्र अमरचंद निवासी छटीकरा के नौकर द्वारा स्कूटी संख्या यूपी 85 बीड ब्लूयू 2816 पर 4 प्लास्टिक के बोरों में लगभग 150 किलोग्राम संदिग्ध पेड़ा बिक्री के लिए ले जाते हुए पकड़ा गया जो अस्वस्थकर परिस्थितियों में प्लास्टिक के बैग में भंडारित था, स्कूटी पर ले जा रहा कौशल पुत्र सोरन सिंह निवासी जचौदा गोवर्धन एवं उसके साथ संतोष पुत्र श्याम बाबू निवासी कोसी खुर्द द्वारा बताया गया कि उनके द्वारा विष्णु पुत्र अमरचंद के यहां से प्लास्टिक के बैग में पेड़ा स्कूटी पर रखकर श्री बांके बिहारी जी मंदिर के आसपास के दुकानों पर सप्लाई किया जाता है ।
खाद्य सचल दल के सदस्य अरुण कुमार खाद्य सुरक्षा अधिकारी द्वारा संदिग्ध पेड़ा का एक नमूना जांच के लिए संग्रहित कर शेष बचे पेड़ा को विनिश्वर प्रकृति का होने के कारण खाद्य कारोबारकर्ताओं की लिखित सहमति के पश्चात नष्ट करा दिया गया जिसका अनुमानित मूल्य लगभग 30000 रूपये है, इससे पहले शनिवार को भी विभाग की ओर से कार्यवाही की गई थी, वृंदावन के खाद्य सुरक्षा अधिकारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि पेड़ा जल्दी खराब होने वाली विनिश्वर प्रकृति का था इसलिए खाद्य कारोबारकर्ताओं की लिखित सहमति के बाद सभी 43 बोरों के पेड़े को मौके पर ही गड्ढा खोदकर नष्ट करा दिया गया, सभी 9 नमूनों को तुरंत जांच के लिए राजकीय खाद्य प्रयोगशाला लैब भेजा जा रहा है, जांच रिपोर्ट आते ही आरोपियों और मिलावटी पेड़ा खरीदने वाले दुकानदारों के खिलाफ कठोर विधिक व दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी, वहीं पकड़े गए आरोपी के मुताबिक, मथुरा में छटीकरा निवासी अमरचंद और दिनेश गर्ग (विष्णु पुत्र अमरचंद) के जरिए इस दूषित पेड़े को वृंदावन क्षेत्र में श्री बांके बिहारी मंदिर के आस-पास की नामचीन और स्थानीय मिठाई दुकानों पर सप्लाई किया जाना था, अगर यह पेड़ा बाजार में बिक जाता तो हजारों श्रद्धालुओं की सेहत बिगड़ सकती थी ।







.jpeg)









